August 12, 2022
भारतीय जवान के क्रिकेटर बेटे का संघर्ष, IPL में खरीदार तो मिला, मगर बदकिस्‍मती ने नहीं छोड़ा साथ

[ad_1]

नई दिल्‍ली. बचपन में कपड़े की गेंद से खेलने वाले गेंदबाज को 2018 के जब आईपीएल में करोड़ों की कीमत में खरीदा गया तो इस गेंदबाज को सपना हकीकत बनता हुआ नजर आया, मगर शायद इस खिलाड़ी की किस्‍मत में अभी इंतजार लिखा था. 2019 में एक बार फिर आईपीएल में मौका मिला, मगर अभी इंतजार खत्‍म हुआ नहीं था. लगातार 2 साल आईपीएल में घर तो मिला, मगर बदकिस्‍मती से उस घर के लिए कुछ करने का मौका नहीं मिला.

2020 में टीम इंडिया के साथ ऑस्‍ट्रेलिया जाने का भी मौका मिला, मगर बदकिस्‍मती ने इस खिलाड़ी का पीछा नहीं छोड़ा था. एक बार फिर उम्‍मीदे टूट गई. बात हो रही है 22 साल के कमलेश नागरकोटी की, जिनके सपने के बीच लगातार 3 साल बदकिस्‍मती डेरा डाले हुए थी, मगर इस खिलाड़ी ने अपनी हिम्‍मत से बदकिस्‍मती को पैर जमाने नहीं दिया.

2018 और 2019 में आईपीएल से हो गए थे बाहर

दरअसल जनवरी 2018 में आईपीएल ऑक्‍शन में कमलेश नागरकोटी को कोलकाता नाइट राइडर्स ने 3.2 करोड़ रुपये की मोटी कीमत में खरीदा. हालांकि चोट के चलते वो एक भी मैच नहीं खेल पाए. अगले सीजन उन्‍हें फ्रेंचाइजी ने रिटेन किया, मगर आईपीएल 2019 से कुछ दिन पहले वो एक बार फिर चोट के चलते टूर्नामेंट से बाहर हो गए. उन्‍हें सितंबर 2020 में केकेआर के लिए आईपीएल में डेब्‍यू करने का मौका मिला. उसी साल अक्‍टूबर 2020 में नागरकोटी को ऑस्‍ट्रेलिया दौरे के लिए टीम इंडिया के साथ अतिरिक्‍त गेंदबाज के रूप में चुना गया, मगर वर्कलोड के कारण वह दौरे से बाहर हो गए.

2 साल की निकाली पूरी कसर

आईपीएल 2020 में नागरकोटी को जब मौका मिला, तो उन्‍होंने पिछले 2 साल की कसर भी पूरी निकाल ली और मैदान पर जमकर कोहराम मचाया. 2020 में उन्‍हें 10 मैच खेलने का मौका मिला, जिसमें उन्‍होंने 5 विकेट लिए. हालांकि 2021 में उन्‍हें सिर्फ एक ही मैच खेलने का मौका मिला. आईपीएल 2022 में कमलेश दिल्‍ली कैपिटल्‍स का प्रतिनिधित्‍व कर रहे हैं.

ऑस्‍ट्रेलियाई गेंदबाजों की वर्ल्‍ड कप में की थी जमकर धुनाई, अब उसी देश में भारतीय खिलाड़ी बनी साल की सर्वश्रेष्‍ठ क्रिकेटर

दीपक चाहर IPL 2022 से बाहर! गेंदबाज की एक और चोट ने दिया चेन्‍नई सुपर किंग्‍स को बड़ा झटका

भारतीय सेना में सूबेदार थे पिता

कमलेश के परिवार की बात की जाए तो उनके पिता भारतीय सेना में सूबेदार थे. उन्‍होंने रिटायरमेंट में मिली राशि से अपने बेटे के लिए जयपुर में एक छोटा सा अपार्टमेंट खरीदा, ताकि उनका बेटा क्रिकेट खेलना सीख सके. पहले गांव में कमलेश कपड़े से बनी गेंद से खेलते थे. क्रिकेट में कमलेश की दिलचस्‍पी को देखकर उनके परिवार ने उन्‍हें पढ़ाई के साथ साथ क्रिकेट खेलने की भी अनुमति दी. इसके बाद इस गेंदबाज ने एक एकेडमी में एडिमशन लिया और यही से उनका क्रिकेट सफर भी शुरू हो गया.

Tags: Delhi Capitals, IPL 2022, Kamlesh Nagarkoti, Kolkata Knight Riders

[ad_2]

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published.